Jharkhand News: झारखंड में नशीले पदार्थों के अवैध कारोबार को लेकर केंद्रीय रक्षा राज्य मंत्री और सांसद संजय सेठ ने राज्य सरकार पर निशाना साधा है. उन्होंने कहा कि पिछले तीन वर्षों में 412 करोड़ रुपये से अधिक के मादक पदार्थ जब्त किए गए हैं. इसके बावजूद तस्करी के मामले सामने आ रहे हैं. संजय सेठ ने इसे राज्य के युवाओं के भविष्य के लिए गंभीर चिंता का विषय बताया. उन्होंने आरोप लगाया कि नशे के कारोबार पर प्रभावी नियंत्रण नहीं होने से यह अवैध धंधा बढ़ रहा है. उनके मुताबिक, राजधानी रांची भी इस कारोबार का प्रमुख केंद्र बनती जा रही है.
सिर्फ छापेमारी से नहीं रुकेगा नशे का कारोबार
संजय सेठ ने कहा कि नशे के कारोबार को रोकने के लिए केवल छापेमारी और गिरफ्तारी काफी नहीं है. इसके पीछे काम कर रहे पूरे नेटवर्क पर कार्रवाई करनी होगी. उन्होंने कारोबारियों की पहचान करने के साथ उनके आर्थिक स्रोतों की जांच करने की भी जरूरत बताई. उनका कहना है कि इस अवैध धंधे में शामिल लोगों के खिलाफ सख्त कदम उठाए जाने चाहिए.
सरकार से नशे के खिलाफ मजबूत अभियान की मांग
संजय सेठ ने कहा कि केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के नेतृत्व में देश को नशामुक्त बनाने का संकल्प लिया गया है. झारखंड सरकार को भी इस दिशा में गंभीरता से काम करना चाहिए. उन्होंने राज्य सरकार से राजनीतिक इच्छाशक्ति दिखाने और नशे के खिलाफ अभियान मजबूत करने की मांग की. साथ ही नशे के कारोबारियों के खिलाफ जीरो टॉलरेंस की नीति अपनाने पर जोर दिया.
युवाओं के भविष्य को लेकर जताई चिंता
संजय सेठ ने कहा कि नशे का कारोबार केवल कानून-व्यवस्था का मामला नहीं है. इससे युवाओं का भविष्य भी प्रभावित हो रहा है. उन्होंने कहा कि युवाओं को नशे से बचाना और उन्हें सुरक्षित भविष्य देना सभी की जिम्मेदारी है. झारखंड को नशामुक्त बनाने के लिए सरकार और समाज को मिलकर काम करना होगा.


