Adityapur News: आदित्यपुर में छठ पूजा-2026 की तैयारी तेज, विभिन्न घाटों का निरीक्षण कर सुरक्षा व्यवस्था पर हुई चर्चा Jamshedpur News: जमशेदपुर को महानगरपालिका घोषित करे सरकार, सरयू राय ने CM हेमंत सोरेन से की मांग Saraikela News: सरायकेला में महिलाओं को मिलेगा स्वरोजगार का मौका, मुद्रा ऋण से व्यवसाय शुरू करने में मिलेगी मदद Adityapur News: आदित्यपुर में नशे में धुत चालक ने दुर्गा पूजा गेट को मारी टक्कर, बाइक भी क्षतिग्रस्त Saraikela News: सरायकेला में स्कूलों से गायब रहने वाले शिक्षकों पर होगी कार्रवाई, लापरवाही पर वेतन रोकने का निर्देश Breaking News: पूर्वांचल एक्सप्रेसवे पर राहुल गांधी के काफिले की गाड़ियों की टक्कर, कई लोगों के घायल होने की खबर
Adityapur News: आदित्यपुर में छठ पूजा-2026 की तैयारी तेज, विभिन्न घाटों का निरीक्षण कर सुरक्षा व्यवस्था पर हुई चर्चा Jamshedpur News: जमशेदपुर को महानगरपालिका घोषित करे सरकार, सरयू राय ने CM हेमंत सोरेन से की मांग Saraikela News: सरायकेला में महिलाओं को मिलेगा स्वरोजगार का मौका, मुद्रा ऋण से व्यवसाय शुरू करने में मिलेगी मदद Adityapur News: आदित्यपुर में नशे में धुत चालक ने दुर्गा पूजा गेट को मारी टक्कर, बाइक भी क्षतिग्रस्त Saraikela News: सरायकेला में स्कूलों से गायब रहने वाले शिक्षकों पर होगी कार्रवाई, लापरवाही पर वेतन रोकने का निर्देश Breaking News: पूर्वांचल एक्सप्रेसवे पर राहुल गांधी के काफिले की गाड़ियों की टक्कर, कई लोगों के घायल होने की खबर

Annapurna Mahotsav: कदमा रंकणी मंदिर में उमड़ा आस्था का सैलाब‚ मां अन्नपूर्णा को अर्पित हुए 56 भोग

Annapurna Mahotsav: जमशेदपुर के कदमा स्थित प्राचीन रंकणी मंदिर में आज श्रद्धा और भक्ति का अभूतपूर्व नज़ारा देखने को मिला। मां अन्नपूर्णा देवी की भव्य पूजा-अर्चना और अन्नकूट महोत्सव के अवसर पर हजारों श्रद्धालु मां के दरबार में उमड़े और भोग ग्रहण किया। पूरे मंदिर परिसर में “जय मां अन्नपूर्णा”

Facebook
X
WhatsApp
Annapurna Mahotsav: कदमा रंकणी मंदिर में उमड़ा आस्था का सैलाब‚ मां अन्नपूर्णा को अर्पित हुए 56 भोग

Annapurna Mahotsav: जमशेदपुर के कदमा स्थित प्राचीन रंकणी मंदिर में आज श्रद्धा और भक्ति का अभूतपूर्व नज़ारा देखने को मिला। मां अन्नपूर्णा देवी की भव्य पूजा-अर्चना और अन्नकूट महोत्सव के अवसर पर हजारों श्रद्धालु मां के दरबार में उमड़े और भोग ग्रहण किया। पूरे मंदिर परिसर में “जय मां अन्नपूर्णा” के जयकारों से वातावरण भक्तिमय हो उठा।

मां के चरणों में इस अवसर पर 56 प्रकार के भोग अर्पित किए गए — जिनमें चावल, दाल, पूड़ी, सब्ज़ी, मिठाइयाँ और कई पारंपरिक व्यंजन शामिल थे। यह आयोजन न केवल धार्मिक आस्था का प्रतीक था, बल्कि सामूहिक एकता और भक्ति भावना का भी परिचायक बना।

मंदिर समिति की ओर से मां अन्नपूर्णा की प्रतिमा को फूलों, रोशनी और पारंपरिक साज-सज्जा से सजाया गया। भक्तों ने मां के चरणों में अन्न-समृद्धि, सुख-शांति और परिवार के कल्याण की प्रार्थना की। मंदिर परिसर में सुबह से ही श्रद्धालुओं की लंबी कतारें लगी रहीं।

आयोजकों ने बताया कि यह परंपरा पिछले 45 वर्षों से लगातार निभाई जा रही है। शुरुआती वर्षों में जहां एक क्विंटल चावल से महाभोग बनाया जाता था, वहीं आज यह बढ़कर तीन क्विंटल से अधिक चावल तक पहुंच गया है। हर साल की तरह इस बार भी मंदिर समिति के सदस्य और स्थानीय स्वयंसेवक आयोजन को सफल बनाने में जुटे रहे।

पूरे कार्यक्रम के दौरान भक्तों ने भोग ग्रहण किया और प्रसाद वितरण में सक्रिय भागीदारी निभाई। दोपहर तक मंदिर परिसर पूरी तरह भक्तों से भरा रहा, जहां भक्ति, संगीत और सामूहिक आस्था का सुंदर संगम देखने को मिला।

TAGS
digitalwithsandip.com