Mobile Recovery Drive: सरायकेला जिले की पुलिस ने एक सराहनीय पहल करते हुए गुरुवार को 109 गुमशुदा मोबाइल फोन उनके असली मालिकों को वापस लौटाए। यह आयोजन सरायकेला नगर के टाउन हॉल में किया गया, जहां अलग-अलग थाना क्षेत्रों से बरामद किए गए मोबाइल फोन स्टॉल लगाकर वितरित किए गए।
इस कार्यक्रम की शुरुआत जिला पुलिस अधीक्षक मुकेश लुनायत ने की। उन्होंने एक-एक कर मोबाइल फोन उनके असली धारकों को सौंपे। इस मौके पर कई अन्य पुलिस पदाधिकारी भी उपस्थित रहे। यह आयोजन न केवल तकनीकी दक्षता का परिचायक था, बल्कि जनता और पुलिस के बीच विश्वास को भी मजबूत करने वाला रहा।
एसपी ने किया जागरूक, सीआईआर पोर्टल पर रजिस्ट्रेशन की दी सलाह
पुलिस अधीक्षक मुकेश लुनायत ने कहा कि यह हमारे लिए एक बड़ी उपलब्धि है कि हम इतने सारे लोगों को उनका खोया हुआ मोबाइल वापस कर पा रहे हैं। उन्होंने मोबाइल धारकों से अपील की कि मोबाइल गुम होने की स्थिति में तुरंत भारत सरकार के केंद्रीय उपकरण पहचान रजिस्टर (Central Equipment Identity Register – CEIR) पोर्टल पर जाकर गुमशुदगी दर्ज करें। इससे मोबाइल की लोकेशन ट्रैक करने और बरामदगी में जिला पुलिस को काफी मदद मिलती है।
साथ ही, उन्होंने यह भी कहा कि गुम मोबाइल का रजिस्ट्रेशन करने से व्यक्तिगत डेटा और अन्य दस्तावेज़ भी सुरक्षित रहते हैं, जो साइबर अपराधों से बचाव के लिहाज़ से अहम है।
मोबाइल पाकर खिले चेहरे, पुलिस को धन्यवाद
गुम मोबाइल वापस पाने वाले नागरिकों के चेहरे खुशी से खिल उठे। कुछ लोगों ने वर्षों पहले खोए मोबाइल की वापसी पर आश्चर्य जताया, तो कुछ ने पुलिस की तत्परता और ईमानदारी की सराहना की। कई लोगों ने कहा कि पुलिस द्वारा इस तरह की पहल से न केवल सामान वापस मिलता है, बल्कि जनता का भरोसा भी मजबूत होता है।
पुलिस की तकनीकी दक्षता और प्रयास रंग लाए
इस मुहिम के तहत जिला पुलिस ने विभिन्न थाना क्षेत्रों में दर्ज मोबाइल गुमशुदगी की रिपोर्ट्स के आधार पर मोबाइल की IMEI ट्रैकिंग के ज़रिए उन्हें बरामद किया। इसमें साइबर सेल और तकनीकी इकाइयों का भी सहयोग रहा। सभी मोबाइलों को साफ-सुथरी स्थिति में मालिकों को सौंपा गया।


