Giridih Firing Case: गिरिडीह जिले के जमुआ थाना क्षेत्र अंतर्गत भूपतडीह गांव में जमीन विवाद को लेकर हुई फायरिंग की घटना का पुलिस ने सफलतापूर्वक खुलासा कर दिया है। इस मामले में पुलिस ने सात अपराधियों को गिरफ्तार करते हुए उनके पास से भारी मात्रा में अवैध हथियार और वाहन बरामद किए हैं। पूरे मामले की जानकारी मंगलवार को गिरिडीह पुलिस अधीक्षक डॉ. विमल कुमार ने प्रेस वार्ता के दौरान दी।
पुलिस के अनुसार भूपतडीह निवासी संतोष कुमार विश्वकर्मा ने जमुआ थाना में सूचना दी थी कि 5 से 6 की संख्या में आए अपराधियों ने उनके साथ मारपीट की और फायरिंग की। सूचना को गंभीरता से लेते हुए जमुआ थाना कांड संख्या-03/2026 दर्ज किया गया, जिसमें भारतीय न्याय संहिता 2023 की विभिन्न धाराओं के साथ 27 आर्म्स एक्ट के तहत मामला पंजीकृत किया गया।
मामले के त्वरित अनुसंधान के लिए एसडीपीओ राजेन्द्र प्रसाद के नेतृत्व में विशेष टीम का गठन किया गया। गुप्त सूचना के आधार पर सोमवार की रात पुलिस टीम ने जरूवाडीह जंगल में छापेमारी की, जहां सेंट्रो कार में बैठे पांच अपराधियों को गिरफ्तार किया गया। तलाशी के दौरान उनके पास से तीन देसी पिस्टल, 23 जिंदा कारतूस, चार मैगजीन, एक सेंट्रो कार और दो मोटरसाइकिल बरामद की गई।
पुलिस कार्रवाई के क्रम में राज कुमार मंडल को भी गिरफ्तार किया गया, जो गिरफ्तार अपराधियों को अवैध हथियार उपलब्ध कराता था। इसके अलावा विजय साव की निशानदेही पर कार से एक और देसी पिस्टल बरामद की गई। गिरफ्तार अभियुक्तों में रामू साव, विजय साव, संजय कुमार उर्फ संजय मंडल, पंकज कुमार यादव उर्फ कारू यादव, अमित कुमार उर्फ अमित वर्मा, नारायण मंडल और राज कुमार मंडल शामिल हैं।
एसपी डॉ. विमल कुमार ने बताया कि घटना के दौरान रामू साव खुद गोली लगने से घायल हो गया था, जब उसकी कमर में रखा पिस्टल गलती से चल गया। घायल आरोपी को इलाज के लिए एसएनएमएमसीएच, धनबाद भेजा गया है।
इस पूरे अभियान में जमुआ इंस्पेक्टर प्रदीप कुमार दास, जमुआ थाना प्रभारी विभुति देव, पचम्बा थाना प्रभारी राजीव कुमार, भरकट्टा ओपी प्रभारी अमन कुमार, नवडीहा ओपी प्रभारी दीपक कुमार सहित कई पुलिस पदाधिकारी और जवान शामिल थे। पुलिस अधीक्षक ने टीम की तत्परता की सराहना करते हुए कहा कि जिले में अपराध और अवैध हथियारों के खिलाफ सख्त कार्रवाई जारी रहेगी।


