146th JAP Anniversary: झारखंड सशस्त्र पुलिस-1 (जैप-1) ने गुरुवार को अपना 146वां स्थापना दिवस गरिमामय और उत्साहपूर्ण वातावरण में मनाया। डोरंडा स्थित जैप-1 परिसर में आयोजित समारोह में परेड, सांस्कृतिक कार्यक्रम और विशेष आयोजन आकर्षण का केंद्र रहे। कार्यक्रम की मुख्य अतिथि झारखंड की पुलिस महानिदेशक (डीजीपी) तदाशा मिश्रा रहीं, जिन्होंने जवानों को स्थापना दिवस की शुभकामनाएं दीं।
स्थापना दिवस समारोह की शुरुआत शहीद स्मारक पर माल्यार्पण के साथ हुई। डीजीपी तदाशा मिश्रा सहित वरिष्ठ अधिकारियों ने शहीद जवानों को श्रद्धांजलि अर्पित की और उनके बलिदान को याद किया। इस अवसर पर वाहिनी के गौरवपूर्ण इतिहास और योगदान को रेखांकित किया गया।
समारोह के दौरान चार प्लाटूनों ने अनुशासन, समर्पण और प्रशिक्षण का शानदार प्रदर्शन करते हुए आकर्षक परेड प्रस्तुत की। परेड की सलामी डीजीपी ने ली और जवानों की एकजुटता व दक्षता की सराहना की। उन्होंने कहा कि परेड बेहद खास रही और इसके लिए सभी जवान बधाई के पात्र हैं।
स्थापना दिवस के अवसर पर जवानों की प्रतिभा से सजे रंगारंग सांस्कृतिक कार्यक्रमों का भी आयोजन किया गया। गीत, नृत्य और अन्य प्रस्तुतियों ने समारोह को जीवंत बना दिया। साथ ही स्थापना दिवस पर “आनंद मेला” का उद्घाटन भी किया गया, जिसमें अधिकारियों, जवानों और उनके परिवारों ने भाग लिया।
अपने संबोधन में डीजीपी तदाशा मिश्रा ने कहा कि जैप-1 का इतिहास अत्यंत गौरवपूर्ण रहा है। उन्होंने बताया कि इस वाहिनी ने विश्व युद्ध से लेकर विभिन्न महत्वपूर्ण अभियानों तक हर जगह विशेष योगदान दिया है। उन्होंने यह भी उल्लेख किया कि उन्हें स्वयं इस वाहिनी के नेतृत्व का अवसर मिल चुका है, जो उनके लिए गर्व की बात रही है।
डीजीपी ने कहा कि वाहिनी में जो भी रिक्त पद हैं, उनकी भरपाई के लिए ठोस कदम उठाए जाएंगे। साथ ही जवानों के लिए क्वार्टर की व्यवस्था पर भी गंभीरता से विचार किया जा रहा है। उन्होंने यह भी कहा कि जवानों के रिवॉर्ड और प्रोत्साहन के लिए अलग से बेहतर व्यवस्था की जानी चाहिए।
इस अवसर पर कई वरिष्ठ पुलिस अधिकारी, सेवानिवृत्त पुलिसकर्मी और अन्य गणमान्य लोग मौजूद रहे। सभी ने जैप-1 के 146वें स्थापना दिवस पर वाहिनी को शुभकामनाएं दीं और इसके उज्ज्वल भविष्य की कामना की।


